अली ख़ामेनेई के जनाज़े की नमाज़ अलग-अलग शहरों में अलग मरजा-ए-तक़लीद पढ़ाएंगे, मोजतबा की मौजूदगी पर सस्पेंस बरकरार
तेहरान: ईरान में पूर्व सर्वोच्च नेता अली ख़ामेनेई और उनके परिवार के सदस्यों के अंतिम संस्कार की तैयारियां जारी हैं। ईरानी समाचार एजेंसियों के अनुसार, जनाज़े की नमाज़
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तेहरान: ईरान में पूर्व सर्वोच्च नेता अली ख़ामेनेई और उनके परिवार के सदस्यों के अंतिम संस्कार की तैयारियां जारी हैं। ईरानी समाचार एजेंसियों के अनुसार, जनाज़े की नमाज़ अलग-अलग शहरों में प्रमुख शिया धर्मगुरुओं (मरजा-ए-तक़लीद) की इमामत में अदा की जाएगी।
रिपोर्ट के मुताबिक़, तेहरान में जनाज़े की नमाज़ जाफ़र सुभानी तबरीज़ी पढ़ाएंगे, क़ोम में नासिर मकारिम शीराज़ी और मशहद में हुसैन नूरी हमदानी नमाज़-ए-जनाज़ा की इमामत करेंगे।
अली ख़ामेनेई के अंतिम संस्कार आयोजन समिति के सचिव अली-अक़बर पूरजमशीदियान ने कहा कि उनके बेटे मोजतबा ख़ामेनेई अंतिम संस्कार में शामिल होंगे या नहीं, इसका फैसला सर्वोच्च नेता के कार्यालय (बैत-ए-रहबरी) द्वारा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि उनकी मौजूदगी का निर्णय लिया जाता है तो इसकी आधिकारिक घोषणा कार्यालय की ओर से की जाएगी।
मोजतबा ख़ामेनेई युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक सार्वजनिक रूप से दिखाई नहीं दिए हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, 40 दिनों तक चले युद्ध के शुरुआती चरण में अली ख़ामेनेई और उनके परिवार के कई सदस्य मारे गए थे। तब से मोजतबा का कोई ऑडियो या वीडियो संदेश भी सामने नहीं आया है।