सत्य निकेतन हादसा: हाईकोर्ट सख्त, बचाव अभियान तेज करने के निर्देश
नई दिल्ली। दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत ढहने के हादसे को लेकर
8NewsNetwork

Media via 8NewsNetwork
नई दिल्ली। दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत ढहने के हादसे को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट ने सोमवार को सख्त रुख अपनाया। अदालत ने मलबे में फंसे लोगों को जल्द बाहर निकालने के लिए राहत एवं बचाव अभियान तेज करने के निर्देश दिए। कोर्ट ने कहा कि सरकार अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकती।
सुनवाई के दौरान अदालत ने हादसे पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि करीब 50 छात्र अपनी जिंदगी के नए पड़ाव पर थे और उनमें से कई के मलबे में दबे होने की आशंका बेहद दुखद है। हाईकोर्ट ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को हादसे की उच्चस्तरीय जांच कर यह पता लगाने का निर्देश दिया कि ढही इमारत का निर्माण वैध अनुमति के तहत हुआ था या नहीं।
अदालत ने लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने और उनके खिलाफ प्रस्तावित कार्रवाई की जानकारी देने को भी कहा। हाईकोर्ट ने दिल्ली में बार-बार होने वाली ऐसी घटनाओं पर नाराजगी जताते हुए कहा कि राजधानी में लगभग हर दूसरे साल इस तरह की त्रासदी सामने आती है।
केंद्र सरकार, एमसीडी और दिल्ली पुलिस की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि बचाव अभियान पूरी गति से जारी है और सभी संभव उपाय किए जा रहे हैं। उन्होंने हादसे से जुड़े संवेदनशील वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने पर भी चिंता जताई।
यह सुनवाई अनिकेत कुमार गुप्ता की जनहित याचिका पर हुई, जिसमें हादसे में मृतकों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये मुआवजा देने और दिल्ली के सभी पीजी व हॉस्टल का स्ट्रक्चरल ऑडिट कराने की मांग की गई है।